
Written by
HQ Report
ग्वालियर। महिला समन्वय की दो दिवसीय अखिल भारतीय बैठक का रविवार को एलएनआईपीई के रवीन्द्रनाथ टैगोर सभागार में समापन हुआ। बैठक में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ तथा संघ से जुड़े विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ देश के सभी प्रांतों से आईं महिला प्रतिनिधियों और प्रमुख कार्यकर्ताओं ने सहभागिता की। उपलब्ध जानकारी के अनुसार बैठक में 305 महिला प्रतिनिधियों सहित करीब 400 कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। दो दिनों तक चले विचार-विमर्श में महिला सहभागिता, समाजकार्य, कुटुंब व्यवस्था, सामाजिक समरसता, विभिन्न संगठनों में महिलाओं की भूमिका तथा महिला कार्य को अधिक प्रभावी बनाने जैसे विषयों पर चर्चा हुई। बैठक का प्रमुख केंद्र समाज के विभिन्न क्षेत्रों में मातृशक्ति की भूमिका को व्यापक बनाने तथा महिलाओं के अनुभव, सामर्थ्य और कौशल को सामाजिक कार्यों से जोड़ने की दिशा में आगे की कार्ययोजना पर विचार करना रहा।
बैठक में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह सरकार्यवाह मुकुंद जी, अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य भैयाजी जोशी, राष्ट्र सेविका समिति की प्रमुख संचालिका शांताक्का तथा महिला समन्वय की अखिल भारतीय संयोजिका एवं विश्व हिंदू परिषद की अखिल भारतीय उपाध्यक्ष मीनाक्षी ताई विशेष रूप से उपस्थित रहीं। दो दिवसीय कार्यक्रम के दौरान अलग-अलग सत्रों में महिला समन्वय के वर्तमान कार्यों की समीक्षा के साथ आगामी गतिविधियों और कार्यविस्तार को लेकर विचार-विमर्श किया गया। बैठक में देश के विभिन्न प्रांतों से आईं प्रतिनिधियों ने अपने-अपने क्षेत्रों में किए जा रहे कार्यों के अनुभव साझा किए। इससे अलग-अलग क्षेत्रों में महिला सहभागिता से जुड़े प्रयासों, सामने आने वाली चुनौतियों और स्थानीय स्तर पर किए जा रहे प्रयोगों को एक-दूसरे के साथ साझा करने का अवसर मिला। पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार बैठक में कुल नौ सत्रों में विभिन्न सामाजिक विषयों पर चर्चा की गई।










