
महानवमी, दशहरा, महर्षि वाल्मीकि जयंती और दीपावली पर सुरक्षा, स्वच्छता एवं साम्प्रदायिक सौहार्द पर रहेगा विशेष जोर; खाद्य पदार्थों में मिलावट करने वालों पर होगी कठोर कार्रवाई
भिण्ड। आगामी त्योहारों को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी क्रम में कलेक्टर श्री पवन कुमार जैन की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में महानवमी, दशहरा (विजयादशमी), महर्षि वाल्मीकि जयंती और दीपावली के दौरान साम्प्रदायिक सौहार्द बनाए रखने, सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने, यातायात प्रबंधन, साफ-सफाई, विद्युत आपूर्ति तथा दुर्गा प्रतिमा विसर्जन की व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। कलेक्टर ने नगर पालिका भिण्ड को निर्देश दिए कि जुलूस निकलने वाले मार्गों पर पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, सड़कों के गड्ढों की मरम्मत कराई जाए और नियमित साफ-सफाई के साथ कचरे का उठाव किया जाए। शहर के मुख्य बाजारों और प्रमुख स्थानों पर बंद पड़ी लाइटों को तत्काल दुरुस्त कर चालू करने पर भी जोर दिया गया। बैठक में पुलिस अधीक्षक श्री सूरज कुमार वर्मा, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री वीरसिंह चौहान, अपर कलेक्टर श्री राजन बी. नाडिया, नगर पालिका भिण्ड अध्यक्ष श्रीमती वर्षा वाल्मीकि, जनपद पंचायत भिण्ड अध्यक्ष श्रीमती सरोज बघेल सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी और शांति समिति के सदस्य उपस्थित रहे।
कलेक्टर श्री जैन ने कहा कि त्योहारों के दौरान शहर की स्वच्छता, प्रकाश व्यवस्था और सड़कों की स्थिति पर विशेष ध्यान देना आवश्यक है, ताकि श्रद्धालुओं और आम नागरिकों को आवागमन में किसी प्रकार की असुविधा न हो। उन्होंने नगर पालिका को अभियान चलाकर कचरे का नियमित उठाव सुनिश्चित करने तथा घर-घर से कचरा संग्रहण की व्यवस्था को प्रभावी बनाने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने शांति समिति के सदस्यों और नागरिकों से भी शहर को साफ-सुथरा बनाए रखने में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि स्वच्छ शहर बनाए रखना केवल प्रशासन या नगर पालिका की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का भी दायित्व है। इसके साथ ही विद्युत विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि जिन स्थानों पर बिजली के तार झूल रहे हैं, उन्हें व्यवस्थित किया जाए और आगामी त्योहारों के दौरान निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। त्योहारों के समय बाजारों, धार्मिक स्थलों और प्रमुख मार्गों पर लोगों की आवाजाही बढ़ जाती है। ऐसे में प्रकाश व्यवस्था, सुरक्षित विद्युत लाइनें, दुरुस्त सड़कें और स्वच्छ वातावरण नागरिकों की सुविधा एवं सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण हैं। प्रशासन ने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ समय रहते व्यवस्थाएं पूरी करने पर जोर दिया।
बैठक में खाद्य पदार्थों में मिलावट के मुद्दे पर भी कलेक्टर ने सख्त रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि खाद्य पदार्थों में मिलावट कर आमजन के स्वास्थ्य और जीवन से खिलवाड़ करने का अधिकार किसी को नहीं है। मिलावट के मामलों में नियमानुसार जुर्माने की कार्रवाई के साथ, जिन व्यक्तियों के विरुद्ध मिलावट का दोष सिद्ध होगा, उनके खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। कलेक्टर ने कहा कि कानून के प्रावधानों के अनुसार आवश्यक होने पर अन्य कठोर कदम भी उठाए जा सकते हैं। उन्होंने उपस्थित समिति सदस्यों से अपील की कि यदि उनके आसपास खाद्य पदार्थों में मिलावट करने की जानकारी मिले, तो इसकी सूचना अपर कलेक्टर को दें, ताकि संबंधित विभाग द्वारा जांच और आवश्यक कार्रवाई की जा सके। त्योहारों के दौरान मिठाइयों, खाद्य तेलों, दूध एवं अन्य खाद्य सामग्री की मांग बढ़ जाती है। ऐसी स्थिति में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और सुरक्षा सुनिश्चित करना अत्यंत आवश्यक है। प्रशासन का उद्देश्य है कि नागरिकों को सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध हो और मिलावट करने वालों पर नियमों के अनुरूप प्रभावी कार्रवाई की जा सके। आम नागरिकों से भी आग्रह किया गया कि संदिग्ध खाद्य पदार्थों या मिलावट संबंधी जानकारी को जिम्मेदार अधिकारियों तक पहुंचाएं।
महानवमी के अवसर पर दुर्गा प्रतिमा विसर्जन की व्यवस्था को लेकर कलेक्टर ने अपर कलेक्टर और मुख्य नगर पालिका अधिकारी, भिण्ड को आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विसर्जन के लिए निर्धारित सभी स्थलों पर सुरक्षा और आवश्यक सुविधाओं के समुचित प्रबंध किए जाएं। छोटी प्रतिमाओं को एक निर्धारित स्थान पर एकत्रित कर सम्मानपूर्वक विसर्जित करने की व्यवस्था की जाएगी। वहीं बड़ी प्रतिमाओं के विसर्जन के लिए क्रेन, पोकलेन अथवा अन्य आवश्यक संसाधनों की सहायता ली जाएगी, ताकि यह प्रक्रिया सुरक्षित और व्यवस्थित ढंग से पूरी हो सके। पूर्व में हुई घटनाओं को ध्यान में रखते हुए प्रशासन का विशेष प्रयास रहेगा कि लोग प्रतिमा विसर्जन के लिए तालाब या नदी के भीतर न उतरें। विसर्जन स्थलों पर एसडीईआरएफ, गोताखोरों, होमगार्ड, चौकीदारों तथा स्थानीय प्रशासनिक दल की तैनाती की जाएगी। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि प्रतिमाओं का विसर्जन केवल चिन्हित स्थलों पर ही करें और सुरक्षा संबंधी निर्देशों का पालन करें। निर्धारित व्यवस्थाओं के अनुसार विसर्जन करने से दुर्घटनाओं की आशंका कम करने और श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
पुलिस अधीक्षक भिण्ड श्री सूरज कुमार वर्मा ने आगामी त्योहारों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कहा कि दुर्गा प्रतिमा विसर्जन और अन्य सुरक्षा संबंधी विषयों पर बैठक में हुई चर्चा के आधार पर गंभीरता से योजना तैयार की जाएगी। उन्होंने पटाखों की दुकानों के संचालन को लेकर स्पष्ट निर्देश दिए कि बिना अनुमति कोई भी व्यक्ति पटाखों की दुकान न लगाए। विशेष रूप से गलियों और संकरी जगहों पर छोटी-छोटी पटाखा दुकानें लगाने से बचने तथा केवल निर्धारित स्थान पर नियमानुसार दुकानें संचालित करने पर जोर दिया गया। पुलिस अधीक्षक ने समिति सदस्यों से कहा कि यदि कहीं बिना अनुमति पटाखों की दुकान संचालित होती दिखाई दे, तो इसकी सूचना पुलिस और संबंधित अधिकारियों को दें। निर्धारित स्थान पर दुकानें लगाने तथा सुरक्षा नियमों का पालन करने से आगजनी और अन्य दुर्घटनाओं के जोखिम को कम करने में मदद मिल सकती है। बैठक के दौरान शांति समिति के सदस्यों ने भी त्योहारों के मद्देनजर सुरक्षा, यातायात, स्वच्छता और अन्य जरूरी व्यवस्थाओं को लेकर सुझाव दिए। जिला प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों से समन्वय बनाकर काम करने और नागरिकों से सहयोग की अपील की, ताकि महानवमी, दशहरा, महर्षि वाल्मीकि जयंती तथा दीपावली सहित सभी आगामी त्योहार आपसी सद्भाव, शांति और सुरक्षित वातावरण में संपन्न हो सकें।