
भोपाल/जिला प्रतिनिधि।
शहर की यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए 172 प्रमुख सड़कों का सर्वे कार्य शुरू कर दिया गया है। इस सर्वे के आधार पर चयनित सड़कों को अधिकतम 80 मीटर तक चौड़ा किए जाने की योजना है। प्रशासन का कहना है कि यह कदम शहर में बढ़ते ट्रैफिक दबाव को कम करने, दुर्घटनाओं पर नियंत्रण और समग्र शहरी विकास की दिशा में एक अहम पहल साबित होगा।
क्यों जरूरी हुआ सड़क चौड़ीकरण
तेजी से बढ़ती आबादी, वाहनों की संख्या में लगातार इजाफा और शहर के विस्तार के कारण वर्तमान सड़कें अब अपर्याप्त साबित हो रही हैं। कई इलाकों में संकरी सड़कों की वजह से जाम की स्थिति बनी रहती है। इसे देखते हुए नगरीय प्रशासन ने मास्टर प्लान के अनुरूप सड़कों के चौड़ीकरण का निर्णय लिया है।
172 सड़कों का विस्तृत सर्वे
अधिकारियों के अनुसार,
- सर्वे में सड़क की मौजूदा चौड़ाई
- दोनों ओर उपलब्ध भूमि
- अतिक्रमण की स्थिति
- यातायात का दबाव
- भविष्य की आवश्यकताओं
जैसे बिंदुओं का अध्ययन किया जा रहा है। यह सर्वे पूरा होने के बाद फेज़-वाइज चौड़ीकरण योजना तैयार की जाएगी।
80 मीटर तक चौड़ी होंगी प्रमुख सड़कें
योजना के तहत कुछ मुख्य मार्गों और कॉरिडोर को 60 से 80 मीटर तक चौड़ा किया जाएगा। इन सड़कों पर
- सर्विस रोड
- फुटपाथ
- साइकिल ट्रैक
- स्ट्रीट लाइट
- हरियाली और ड्रेनेज
जैसी आधुनिक सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
यातायात को मिलेगा बड़ा लाभ
विशेषज्ञों का मानना है कि सड़क चौड़ीकरण से
- ट्रैफिक जाम में कमी आएगी
- यात्रा समय घटेगा
- सड़क दुर्घटनाओं पर नियंत्रण होगा
- सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा मिलेगा
साथ ही आपातकालीन सेवाओं जैसे एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड की आवाजाही भी आसान होगी।
अतिक्रमण और मुआवजा नीति
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जहां सड़क चौड़ीकरण में निजी भूमि या निर्माण प्रभावित होंगे, वहां नियमानुसार मुआवजा दिया जाएगा। अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से की जाएगी, ताकि आम जनता को अनावश्यक परेशानी न हो।
शहर के विकास को नई दिशा
नगर निगम और नगरीय विकास विभाग का कहना है कि यह परियोजना केवल सड़कों तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके जरिए शहर की अधोसंरचना, आर्थिक गतिविधियों और निवेश के अवसरों को भी बढ़ावा मिलेगा।
जनता से सहयोग की अपील
प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे सर्वे और आगे की कार्यवाही में सहयोग करें। अधिकारियों का कहना है कि यह योजना आने वाले 20–30 वर्षों की जरूरतों को ध्यान में रखकर बनाई जा रही है।
कुल मिलाकर, 172 सड़कों के सर्वे और 80 मीटर तक चौड़ीकरण की यह पहल शहर को आधुनिक, सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम मानी जा रही है।








