
भोपाल।
भोपाल मेट्रो में यात्रियों की सुरक्षा, अनुशासन और सार्वजनिक संपत्ति की रक्षा को लेकर प्रशासन ने सख्त नियम लागू किए हैं। मेट्रो परिसर और ट्रेनों में नियमों का उल्लंघन करने पर अब 500 रुपए से लेकर 10 हजार रुपए तक का जुर्माना लगाया जा सकेगा। गंभीर मामलों में एक साल तक की जेल का भी प्रावधान रखा गया है।
किन मामलों में लगेगा जुर्माना
भोपाल मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन लिमिटेड (BMRCL) द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार,
- मेट्रो परिसर में गंदगी फैलाने,
- बिना टिकट यात्रा करने,
- आपातकालीन उपकरणों के दुरुपयोग,
- मेट्रो को नुकसान पहुंचाने,
- महिला कोच या आरक्षित क्षेत्र में नियमों का उल्लंघन,
- मेट्रो स्टाफ से दुर्व्यवहार
जैसे मामलों में जुर्माना लगाया जाएगा।
जेल की सजा का प्रावधान
यदि कोई व्यक्ति मेट्रो की संपत्ति को नुकसान पहुंचाता है, सुरक्षा व्यवस्था से छेड़छाड़ करता है या यात्रियों की सुरक्षा को खतरे में डालता है, तो ऐसे मामलों में जुर्माने के साथ-साथ एक साल तक की जेल भी हो सकती है।
यात्रियों की सुरक्षा सर्वोपरि
मेट्रो प्रशासन का कहना है कि इन नियमों का उद्देश्य यात्रियों को डराना नहीं, बल्कि सुरक्षित, स्वच्छ और अनुशासित यात्रा वातावरण सुनिश्चित करना है। बढ़ती भीड़ और शहरी परिवहन की जरूरतों को देखते हुए नियमों का पालन बेहद जरूरी है।
जागरूकता अभियान भी चलेगा
प्रशासन द्वारा मेट्रो स्टेशनों पर सूचना बोर्ड, उद्घोषणाएं और डिजिटल माध्यमों से यात्रियों को नियमों की जानकारी दी जाएगी, ताकि अनजाने में कोई उल्लंघन न हो।
भोपाल मेट्रो के यह सख्त नियम साफ संकेत देते हैं कि भविष्य की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था में अनुशासन और जिम्मेदारी अनिवार्य होगी। नियमों का पालन करने वाले यात्रियों को सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा मिलेगी, जबकि उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई तय है।








