
कोटा शहर एक बार फिर भक्ति, आस्था और आध्यात्मिक ऊर्जा के अद्भुत संगम का साक्षी बनने जा रहा है, जहाँ पवित्र पुरुषोत्तम मास के शुभ अवसर पर श्रीराम कथा का भव्य आयोजन किया जा रहा है, इस आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह देखा जा रहा है और शहर के विभिन्न हिस्सों में तैयारियाँ जोर-शोर से चल रही हैं, कार्यक्रम का आयोजन 26 मई 2026 से 2 जून 2026 तक किया जाएगा, जिसमें प्रतिदिन दोपहर 1:30 बजे से शाम 6:00 बजे तक कथा का आयोजन होगा, इस दिव्य कथा का वाचन प्रख्यात कथावाचक श्री श्याम जी महाराज द्वारा किया जाएगा, जो अपने ओजस्वी वाणी और भावपूर्ण प्रस्तुति के लिए देशभर में प्रसिद्ध हैं, आयोजन स्थल के रूप में श्री मंशापूर्ण हनुमान मंदिर को चुना गया है, जो पहले से ही धार्मिक गतिविधियों का प्रमुख केंद्र रहा है, इस आयोजन का उद्देश्य न केवल धार्मिक आस्था को सुदृढ़ करना है बल्कि समाज में नैतिक मूल्यों और सांस्कृतिक चेतना का प्रसार भी करना है,

आयोजन की शुरुआत 26 मई की सुबह भव्य कलश यात्रा से होगी, जो प्रातः 8:00 बजे मारुति नंदन हनुमान मंदिर से प्रारंभ होकर विभिन्न मार्गों से होते हुए कथा स्थल तक पहुंचेगी, इस कलश यात्रा में बड़ी संख्या में महिलाएं, युवा और बुजुर्ग पारंपरिक वेशभूषा में भाग लेंगे और भक्ति गीतों के साथ पूरे शहर को भक्तिमय बना देंगे, आयोजकों के अनुसार यह यात्रा न केवल धार्मिक महत्व रखती है बल्कि समाज में एकता और भाईचारे का संदेश भी देती है, कथा के दौरान भगवान श्रीराम के जीवन के विभिन्न प्रसंगों का वर्णन किया जाएगा, जिसमें राम जन्म, सीता स्वयंवर, वनवास, रावण वध और राम राज्य की स्थापना जैसे महत्वपूर्ण प्रसंग शामिल होंगे, इन प्रसंगों के माध्यम से श्रद्धालुओं को धर्म, सत्य, त्याग और कर्तव्य की प्रेरणा मिलेगी, आयोजन समिति का कहना है कि इस प्रकार के धार्मिक कार्यक्रम समाज में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं और लोगों को अपने जीवन में नैतिक मूल्यों को अपनाने के लिए प्रेरित करते हैं, इस आयोजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना को देखते हुए प्रशासन द्वारा भी आवश्यक व्यवस्थाएं की जा रही हैं, यातायात, सुरक्षा और स्वच्छता को ध्यान में रखते हुए विशेष इंतजाम किए गए हैं ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो, आयोजन के अंतिम दिन 2 जून को विशेष रूप से प्रभु प्रसादी का वितरण किया जाएगा, जिसमें हजारों श्रद्धालु शामिल होंगे, इस अवसर पर भव्य भंडारे का आयोजन भी किया जाएगा, जिससे सभी भक्तजन प्रसाद ग्रहण कर सकेंगे, आयोजन के संयोजक के रूप में मित्तल परिवार की भूमिका महत्वपूर्ण रही है, जिन्होंने इस पूरे कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार की है और इसे सफल बनाने के लिए दिन-रात प्रयास कर रहे हैं, स्थानीय नागरिकों और विभिन्न सामाजिक संगठनों का भी इस आयोजन को लेकर पूरा सहयोग मिल रहा है, शहर के प्रमुख स्थानों पर स्वागत द्वार, पोस्टर और बैनर लगाए गए हैं, जिससे पूरे शहर में उत्सव जैसा माहौल बन गया है, धार्मिक विशेषज्ञों का मानना है कि पुरुषोत्तम मास में श्रीराम कथा का आयोजन अत्यंत पुण्यदायी होता है और इससे जीवन में सुख, शांति और समृद्धि का आगमन होता है, इस अवसर पर बड़ी संख्या में लोग अपने परिवार सहित कथा में शामिल होकर आध्यात्मिक लाभ प्राप्त करेंगे, साथ ही यह आयोजन नई पीढ़ी को भारतीय संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने का भी एक महत्वपूर्ण माध्यम बनेगा, वर्तमान समय में जब लोग भागदौड़ भरी जिंदगी में मानसिक तनाव से जूझ रहे हैं, ऐसे में इस प्रकार के धार्मिक आयोजन उन्हें मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करते हैं, कथा के दौरान भजन-कीर्तन, प्रवचन और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे, जिससे श्रद्धालुओं को एक संपूर्ण आध्यात्मिक अनुभव प्राप्त होगा, आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं से अपील की है कि वे समय पर पहुंचकर कथा का लाभ उठाएं और इस धार्मिक आयोजन को सफल बनाने में अपना सहयोग दें, यह आयोजन कोटा शहर के लिए एक ऐतिहासिक और यादगार अवसर बनने जा रहा है, जो न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है बल्कि सामाजिक और सांस्कृतिक रूप से भी अत्यंत प्रभावशाली सिद्ध होगा।









