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HQ Report
जबलपुर। प्रदेश में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार और आम नागरिकों को आधुनिक चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए जबलपुर स्थित सेठ गोविंद दास शासकीय जिला चिकित्सालय (विक्टोरिया अस्पताल) में नवनिर्मित अत्याधुनिक एमआरआई (मैग्नेटिक रेजोनेंस इमेजिंग) जाँच केंद्र का लोकार्पण किया गया। इस नई सुविधा के प्रारंभ होने से जबलपुर जिले के साथ-साथ महाकौशल अंचल एवं आसपास के जिलों के हजारों मरीजों को उन्नत और सुलभ जाँच सेवाओं का लाभ मिलेगा। अब गंभीर एवं जटिल बीमारियों के निदान के लिए मरीजों को निजी संस्थानों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा, जिससे समय और आर्थिक संसाधनों दोनों की बचत होगी।
लोकार्पण अवसर पर कहा गया कि आधुनिक चिकित्सा व्यवस्था में एमआरआई जाँच अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जाती है। मस्तिष्क, रीढ़, हृदय, नसों, जोड़ों, मांसपेशियों तथा अन्य आंतरिक अंगों से संबंधित जटिल रोगों के सटीक निदान में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। सरकारी अस्पताल में इस सुविधा के प्रारंभ होने से विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर और जरूरतमंद मरीजों को बड़ी राहत मिलेगी। अब उन्हें महंगी निजी जाँच कराने के लिए अतिरिक्त आर्थिक बोझ नहीं उठाना पड़ेगा तथा समय पर उपचार प्रारंभ करने में भी सुविधा मिलेगी।

कार्यक्रम में कहा गया कि प्रदेश सरकार का लक्ष्य केवल स्वास्थ्य संस्थानों का विस्तार करना नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक तक गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और आधुनिक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना है। इसी सोच के अनुरूप जिला अस्पतालों को अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरणों से सुसज्जित किया जा रहा है। एमआरआई जाँच केंद्र का शुभारंभ इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, जिससे मरीजों को बेहतर चिकित्सकीय सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध हो सकेंगी।
वक्ताओं ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में स्वास्थ्य क्षेत्र में व्यापक सुधार हुए हैं। आयुष्मान भारत जैसी योजनाओं के माध्यम से करोड़ों लोगों को उपचार की सुविधा मिली है, वहीं चिकित्सा अधोसंरचना के विकास पर भी विशेष बल दिया गया है। इसी प्रकार मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश में जिला अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और प्राथमिक स्वास्थ्य संस्थानों को मजबूत बनाने के लिए लगातार कार्य किए जा रहे हैं। चिकित्सा सेवाओं के आधुनिकीकरण, विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता, आधुनिक उपकरणों की स्थापना तथा मरीजों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से विभिन्न योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है।

कार्यक्रम में बताया गया कि जबलपुर महाकौशल क्षेत्र का प्रमुख चिकित्सा केंद्र है, जहां आसपास के अनेक जिलों से प्रतिदिन बड़ी संख्या में मरीज उपचार के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में जिला चिकित्सालय में एमआरआई जैसी उन्नत सुविधा उपलब्ध होने से हजारों मरीजों को सीधा लाभ मिलेगा। विशेष रूप से दुर्घटना, न्यूरोलॉजी, ऑर्थोपेडिक, कैंसर तथा अन्य गंभीर बीमारियों के मरीजों के लिए यह सुविधा अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगी। समय पर जाँच उपलब्ध होने से रोगों की शीघ्र पहचान संभव होगी और उपचार भी अधिक प्रभावी ढंग से किया जा सकेगा।
इस अवसर पर चिकित्सकों ने बताया कि आधुनिक एमआरआई मशीन उच्च गुणवत्ता की स्पष्ट इमेज उपलब्ध कराती है, जिससे रोगों का सटीक आकलन करने में सहायता मिलती है। पहले कई मरीजों को निजी संस्थानों में लंबा इंतजार करना पड़ता था या अन्य शहरों का रुख करना पड़ता था, लेकिन अब यह सुविधा जिला चिकित्सालय में उपलब्ध होने से उन्हें काफी राहत मिलेगी। इससे चिकित्सकों को भी बेहतर चिकित्सकीय निर्णय लेने में सहायता प्राप्त होगी।

स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने कहा कि चिकित्सा क्षेत्र में आधुनिक तकनीक का समावेश मरीजों की बेहतर देखभाल और सफल उपचार की दिशा में अत्यंत महत्वपूर्ण है। एमआरआई जैसी अत्याधुनिक जाँच सुविधा न केवल गंभीर बीमारियों के निदान में सहायक होगी, बल्कि भविष्य में अस्पताल की सेवाओं की गुणवत्ता को भी नई ऊंचाई प्रदान करेगी। इसके साथ ही अस्पताल में अन्य चिकित्सा सुविधाओं को भी लगातार सुदृढ़ किया जा रहा है, ताकि मरीजों को एक ही परिसर में अधिकतम स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकें।
कार्यक्रम के दौरान यह भी कहा गया कि प्रदेश सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को जनसुलभ बनाने के लिए निरंतर प्रयासरत है। अस्पतालों में आधुनिक उपकरणों की स्थापना, चिकित्सकीय संसाधनों का विस्तार, विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता तथा मरीजों के लिए आवश्यक सुविधाओं में निरंतर सुधार किया जा रहा है। ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों तक स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बढ़ाने के साथ-साथ जिला अस्पतालों को भी आधुनिक चिकित्सा केंद्रों के रूप में विकसित किया जा रहा है।










