Responsive Menu

Download App from

Download App

Follow us on

Donate Us

12 सितंबर 2026 का पंचांग और राशिफल: शनिवार को प्रतिपदा के बाद द्वितीया, गणेश उत्सव की तैयारियों के बीच जानें सभी राशियों का हाल

Author Image
Written by
HQ Report
आज का दिन धार्मिक दृष्टि से विशेष, शाम को चंद्र-दर्शन; 14 सितंबर से गणेश चतुर्थी और दस दिवसीय गणेश उत्सव का शुभारंभ
भोपाल। शनिवार, 12 सितंबर 2026 को भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि सुबह 7:46 बजे तक रहेगी, इसके बाद द्वितीया तिथि प्रारंभ होगी। नक्षत्र उत्तराफाल्गुनी दोपहर 12:55 बजे तक और इसके बाद हस्त नक्षत्र रहेगा। योग सुबह से शुभ रहेगा, जो शाम 3:09 बजे तक है, इसके बाद शुक्ल योग प्रारंभ होगा। आज दक्षिणायन, शरद ऋतु और भाद्रपद मास का समय चल रहा है। सूर्योदय सुबह 6:26 बजे तथा सूर्यास्त शाम 6:43 बजे बताया गया है। पंचांग के अनुसार आज राहुकाल सुबह 9:30 से 11:02 बजे तक रहेगा, जबकि दिशाशूल पूर्व दिशा में माना गया है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार आज शाम 6:34 से रात 7:09 बजे तक चंद्र-दर्शन का समय बताया गया है। व्रत, पूजा अथवा किसी धार्मिक आयोजन की योजना बनाने वाले लोग स्थानीय सूर्योदय-सूर्यास्त और पंचांग के अनुसार समय का मिलान कर सकते हैं।
धार्मिक मान्यताओं में आज के दिन के लिए विशेष सावधानियां— पंचांग में प्रतिपदा तिथि के संदर्भ में कूष्मांड अर्थात कुम्हड़ा/पेठा खाने से बचने की धार्मिक मान्यता का उल्लेख किया गया है। इसी प्रकार चतुर्मास के दौरान पात्रों और भोजन से जुड़ी कुछ पारंपरिक मान्यताओं का भी उल्लेख मिलता है। धार्मिक परंपराओं में चतुर्मास को साधना, संयम, पूजा-पाठ और सात्त्विक आहार के लिए महत्वपूर्ण अवधि माना जाता है। पलाश के पत्तों से बनी पत्तल पर भोजन करने को भी कुछ धार्मिक ग्रंथों में पुण्यकारी बताया गया है। ऐसी मान्यताएं धार्मिक परंपराओं का हिस्सा हैं, इसलिए इन्हें आस्था और परंपरा के संदर्भ में ही देखा जाना चाहिए। दैनिक जीवन में खान-पान संबंधी निर्णय लेते समय व्यक्तिगत स्वास्थ्य और चिकित्सकीय सलाह को प्राथमिकता देना उचित रहेगा।
14 सितंबर से गणेश चतुर्थी, दस दिवसीय गणेश उत्सव की शुरुआत— भाद्रपद शुक्ल पक्ष की चतुर्थी 14 सितंबर 2026, सोमवार को बताई गई है। धार्मिक मान्यता के अनुसार इसी तिथि को भगवान श्रीगणेश के प्राकट्य से जोड़ा जाता है और देशभर में गणेश चतुर्थी पर श्रद्धालु भगवान गणेश की स्थापना एवं पूजा-अर्चना करते हैं। इस अवसर पर पंचांग में भगवान गणेश की पूजा से जुड़े विभिन्न पारंपरिक उपाय बताए गए हैं। इनमें गणेशजी का जल से अभिषेक, गणपति अथर्वशीर्ष का पाठ, मावे के लड्डुओं का भोग, मंदिर में दर्शन, जरूरतमंदों को दान तथा दूर्वा और गुड़ अर्पित करने जैसी धार्मिक विधियां शामिल हैं। कुछ मान्यताओं में गणेश चतुर्थी पर हाथी को हरा चारा खिलाने, गणेश मंदिर में जाकर प्रार्थना करने तथा भगवान श्रीगणेश को गुड़ की गोलियां और दूर्वा अर्पित करने का भी उल्लेख किया गया है। इन उपायों को आस्था-आधारित धार्मिक परंपराओं के रूप में किया जाता है; इनके परिणामों को निश्चित या वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित मानना आवश्यक नहीं है।
गणेश पूजा से जुड़े अनेक पारंपरिक उपायों का उल्लेख— पंचांग में धन, परिवार, विवाह और कार्यक्षेत्र से जुड़ी मनोकामनाओं के लिए भी अलग-अलग धार्मिक उपाय बताए गए हैं। इनमें भगवान गणेश को घी और गुड़ का भोग लगाकर बाद में गाय को खिलाना, मंदिर में जाकर जरूरतमंदों को भोजन, वस्त्र, फल अथवा अनाज का दान करना, तिल से बने लड्डुओं का भोग लगाना तथा गणेश अथर्वशीर्ष का पाठ करना शामिल है। विवाह संबंधी मनोकामना के लिए मालपुए या पीले रंग की मिठाई का भोग लगाने जैसी परंपराएं भी बताई गई हैं। नौकरी और कार्यक्षेत्र में उन्नति की कामना के लिए हल्दी, दूर्वा और गणेश मंत्र से जुड़ी पूजा-विधि का उल्लेख है। धार्मिक दृष्टि से इन उपायों का उद्देश्य श्रद्धा, सकारात्मकता, प्रार्थना और सेवा की भावना को बढ़ावा देना माना जा सकता है। किसी भी धार्मिक अनुष्ठान में स्थानीय परंपरा और परिवार की मान्यताओं के अनुसार विधि अपनाना उचित रहेगा।
गणेश उत्सव में घर में कुछ धार्मिक वस्तुएं रखने की मान्यता— गणेश उत्सव के अवसर पर वास्तु एवं धार्मिक परंपराओं से जुड़ी कुछ वस्तुओं को घर में लाने की मान्यता भी बताई गई है। इनमें नृत्य करते हुए भगवान गणेश की प्रतिमा, बांसुरी, एकाक्षी नारियल, शंख और कुबेर की प्रतिमा शामिल हैं। मान्यता के अनुसार नृत्य करते गणेश की प्रतिमा को शुभता और सकारात्मकता से जोड़ा जाता है, जबकि बांसुरी को घर के वातावरण में सौहार्द और समृद्धि से संबंधित माना गया है। एकाक्षी नारियल की पूजा को भी धार्मिक परंपराओं में विशेष महत्व दिया जाता है। पूजा स्थल में शंख रखने और उत्तर दिशा में कुबेर की प्रतिमा स्थापित करने को लेकर भी वास्तु संबंधी मान्यताएं प्रचलित हैं। इन सभी बातों को धार्मिक आस्था और पारंपरिक विश्वास के रूप में देखा जाना चाहिए।
आज का राशिफल
मेष राशि: आज आर्थिक मामलों में अनियोजित खर्च बढ़ सकता है। दिखावे से जुड़े खर्चों से बचना लाभकारी रहेगा। सामाजिक और धार्मिक गतिविधियों में रुचि रहेगी, लेकिन दिनचर्या व्यस्त रहने से थकान महसूस हो सकती है। मित्रों के साथ बातचीत में छोटी गलतफहमी को बढ़ने न दें। परिवार के साथ समय बिताना मानसिक रूप से बेहतर रहेगा।
वृष राशि: कार्यक्षेत्र में काम की गति कुछ धीमी रह सकती है और कार्यों को पूरा करने में अपेक्षा से अधिक समय लग सकता है। आर्थिक मामलों में सावधानी जरूरी है। उधार या अनावश्यक वित्तीय दबाव चिंता बढ़ा सकता है। परिवार में मतभेद की स्थिति बने तो शांत रहकर संवाद करना बेहतर होगा। आज किसी काम को जल्दबाजी या दबाव में पूरा करने की कोशिश करने के बजाय परिस्थितियों के अनुसार आगे बढ़ना लाभकारी रहेगा।
मिथुन राशि: आज का दिन कुछ उतार-चढ़ाव वाला रह सकता है। क्रोध या अहंकार के कारण रिश्तों में तनाव पैदा होने की संभावना बताई गई है। कार्यक्षेत्र में अपेक्षित परिणाम नहीं मिलने से निराशा हो सकती है। अधूरी योजनाओं को लेकर मन में असंतोष रहेगा। परिवार के सदस्यों के साथ आर्थिक मामलों में समझदारी से व्यवहार करें। धार्मिक गतिविधियों के प्रति आज सामान्य से कम रुचि रह सकती है।
कर्क राशि: दिन के शुरुआती हिस्से में कामकाज में विलंब हो सकता है, लेकिन दोपहर के बाद परिस्थितियां बेहतर होने की संभावना है। किसी कार्य में सहयोग की प्रतीक्षा करने के बजाय स्वयं प्रयास करना अधिक उपयोगी रहेगा। शाम तक आर्थिक स्थिति में सुधार महसूस हो सकता है। परिवार का वातावरण बेहतर रहेगा और आवश्यक खर्चों को लेकर संतुलन बना रहेगा। घूमने-फिरने या परिवार के साथ समय बिताने का अवसर भी मिल सकता है।
सिंह राशि: आज आराम और पारिवारिक सुख पर अधिक ध्यान रहेगा। हालांकि अत्यधिक लापरवाही के कारण कोई संभावित अवसर हाथ से निकल सकता है। परिवार में थोड़ी असहमति बनने पर वरिष्ठ सदस्यों की समझदारी से स्थिति संभल सकती है। स्वास्थ्य सामान्य रहने की संभावना है। यात्रा अथवा मनोरंजन से जुड़े विचार मन में रहेंगे। आर्थिक दृष्टि से आय और खर्च के बीच संतुलन बना रहने की संभावना बताई गई है।
कन्या राशि: आज अपनी छोटी-छोटी गलतियों को पहचानकर उन्हें सुधारने का अवसर मिलेगा। आलस्य के कारण कार्यों में देरी हो सकती है, जबकि व्यवसाय से जुड़े लोगों के लिए व्यस्तता बढ़ सकती है। धन लाभ की संभावना बनी रहेगी, लेकिन बजट से अधिक खर्च होने की स्थिति भी बन सकती है। सामाजिक कार्यक्रम में शामिल होना पड़ सकता है। खान-पान में सावधानी रखना बेहतर रहेगा।
तुला राशि: आज अनावश्यक चिंताओं के कारण मानसिक दबाव महसूस हो सकता है। व्यवसाय में परिणामों को लेकर असमंजस बना रह सकता है। कार्यक्षेत्र में सहयोगियों के साथ संवाद संयमित रखें। घरेलू कामों को टालने के बजाय समय पर पूरा करना बेहतर रहेगा। वरिष्ठ अथवा बुजुर्ग व्यक्ति की सलाह किसी महत्वपूर्ण मामले में उपयोगी हो सकती है। आर्थिक स्थिति सामान्य से संतोषजनक रहने की संभावना है।
वृश्चिक राशि: व्यवसाय और कार्यक्षेत्र में आगे बढ़ने के अवसर मिल सकते हैं। धन लाभ में कुछ विलंब संभव है, लेकिन परिणाम संतोषजनक रहने की संभावना है। परिवार और मित्रों के साथ व्यवहार में संवेदनशीलता रखें। किसी की बात को लगातार नजरअंदाज करने से संबंधों में दूरी बन सकती है। आर्थिक मामलों में सहायता मिलने से राहत मिल सकती है।
धनु राशि: आज का दिन सामान्यतः शुभ फल देने वाला बताया गया है। व्यवसाय और सरकारी कामकाज में प्रयास करने पर सफलता मिल सकती है। नौकरीपेशा लोगों को कार्यक्षेत्र में आलस्य से बचना चाहिए। एकाग्रता बनाए रखने से परिणाम बेहतर होंगे। धार्मिक गतिविधियों में समय देने का अवसर मिलेगा। व्यक्तिगत संबंधों में भावनात्मक जुड़ाव बना रहेगा।
मकर राशि: आज घर और कार्यक्षेत्र दोनों में उत्साह का वातावरण रह सकता है। धार्मिक और मांगलिक कार्यक्रमों में भाग लेने का अवसर मिल सकता है। परोपकार और धार्मिक कार्यों पर खर्च करने की इच्छा रहेगी। हालांकि अहंकार या अपनी बात पर अड़े रहने से परिवार में मतभेद हो सकते हैं। यात्रा का कार्यक्रम अचानक बन सकता है। व्यवसायी वर्ग को मेहनत का अच्छा परिणाम मिलने की संभावना है।
कुंभ राशि: किसी अज्ञात चिंता के कारण मन थोड़ा अस्थिर रह सकता है और इसका प्रभाव दैनिक कार्यों पर पड़ सकता है। इसके बावजूद धार्मिक और आध्यात्मिक गतिविधियों में रुचि बनी रहेगी। परिवार में बच्चों अथवा घरेलू परिस्थितियों के कारण अचानक तनाव की स्थिति बन सकती है। पड़ोसियों और सामाजिक संपर्कों में संयम रखें। कार्यक्षेत्र में दिन के मध्य के आसपास गतिविधियां बढ़ने से आर्थिक अवसर बन सकते हैं।
मीन राशि: आज कार्यों में सफलता मिलने की संभावना है, लेकिन कुछ अधूरे काम मन में असंतोष पैदा कर सकते हैं। किसी महत्वपूर्ण कार्य को बीच में छोड़ने से बचें। कल्पनाशीलता और रचनात्मक सोच का उपयोग कार्यों में किया जा सकता है। आलस्य के कारण काम टालने की प्रवृत्ति से बचना होगा। परिवार में अपेक्षाओं को लेकर मतभेद हो सकते हैं, जबकि धार्मिक गतिविधियों में भी नियमितता बनाए रखना उपयोगी रहेगा।
नोट: पंचांग के तिथि, नक्षत्र, योग और अन्य समय स्थानीय स्थान के अनुसार कुछ मिनट आगे-पीछे हो सकते हैं। राशिफल एवं धार्मिक उपाय पारंपरिक ज्योतिषीय/धार्मिक मान्यताओं पर आधारित हैं, इन्हें निश्चित भविष्यवाणी या वैज्ञानिक सलाह के रूप में नहीं लेना चाहिए।
<span style=12 सितंबर 2026 का पंचांग और राशिफल: शनिवार को प्रतिपदा के बाद द्वितीया, गणेश उत्सव की तैयारियों के बीच जानें सभी राशियों का हाल">
आज फोकस में

12 सितंबर 2026 का पंचांग और राशिफल: शनिवार को प्रतिपदा के बाद द्वितीया, गणेश उत्सव की तैयारियों के बीच जानें सभी राशियों का हाल

राधा रानी प्रतियोगिता और मटकी फोड़ में दिखा वृंदावन का नजारा
आज फोकस में

राधा रानी प्रतियोगिता और मटकी फोड़ में दिखा वृंदावन का नजारा

गोवा में अग्रवाल परिचय सम्मेलन को लेकर तैयारियां तेज, युवक-युवतियों को मिलेगा परिचय और संवाद का मंच
आज फोकस में

गोवा में अग्रवाल परिचय सम्मेलन को लेकर तैयारियां तेज, युवक-युवतियों को मिलेगा परिचय और संवाद का मंच

जस्टिस अल्पेश यशवंत कोगजे बने मध्यप्रदेश हाईकोर्ट के नए मुख्य न्यायाधीश, बधाई संदेशों का सिलसिला शुरू
आज फोकस में

जस्टिस अल्पेश यशवंत कोगजे बने मध्यप्रदेश हाईकोर्ट के नए मुख्य न्यायाधीश, बधाई संदेशों का सिलसिला शुरू

भाद्रपद कृष्ण पक्ष षष्ठी, रांधण षष्ठी का पर्व; जन्माष्टमी से पहले जानें दिनभर के शुभ-अशुभ संकेत
आज फोकस में

भाद्रपद कृष्ण पक्ष षष्ठी, रांधण षष्ठी का पर्व; जन्माष्टमी से पहले जानें दिनभर के शुभ-अशुभ संकेत

‘बाघ-रक्षाबंधन’ से लगभग 10 हजार ग्रामीणों तक पहुंचा वन्यजीव संरक्षण का संदेश
आज फोकस में

‘बाघ-रक्षाबंधन’ से लगभग 10 हजार ग्रामीणों तक पहुंचा वन्यजीव संरक्षण का संदेश

आज का राशिफल

वोट करें

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एपल प्रमुख टिम कुक से आईफोन का निर्माण भारत में न करने को कहा है। क्या इसका असर देश के स्मार्टफोन उद्योग पर पड़ सकता है?

Advertisement Box
Advertisement Box

और भी पढ़ें