
उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य सहित मंत्रिमंडल के सदस्यों ने लिया भाग, प्रदेश के समग्र विकास, अधोसंरचना, जनकल्याण और सुशासन से जुड़े विषयों पर हुई विस्तृत चर्चा
लखनऊ, 7 जुलाई 2026। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ स्थित मुख्यमंत्री आवास में मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में राज्य मंत्रिपरिषद की महत्वपूर्ण कैबिनेट बैठक आयोजित की गई। बैठक में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, मंत्रिमंडल के अन्य वरिष्ठ सदस्य तथा संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक के दौरान प्रदेश के विकास, जनकल्याण, अधोसंरचना, प्रशासनिक सुधार और विभिन्न विभागों से जुड़े महत्वपूर्ण प्रस्तावों एवं योजनाओं पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
कैबिनेट बैठक में प्रदेश के सर्वांगीण विकास को गति देने, जनहितकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन तथा नागरिकों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने से संबंधित विभिन्न विषयों पर व्यापक चर्चा हुई। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंत्रियों एवं अधिकारियों से विभिन्न विभागों की प्रगति की जानकारी प्राप्त करते हुए योजनाओं को समयबद्ध एवं पारदर्शी ढंग से लागू करने पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता प्रदेश के प्रत्येक नागरिक तक विकास का लाभ पहुंचाना तथा शासन-प्रशासन को अधिक जवाबदेह और जनोन्मुखी बनाना है।
बैठक में सड़क, सिंचाई, ऊर्जा, ग्रामीण विकास, नगरीय विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य, आवास, पेयजल, कृषि, रोजगार, औद्योगिक निवेश तथा आधारभूत संरचना के विस्तार से जुड़े विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। साथ ही विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए उनके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए।

इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य एवं अन्य मंत्रियों ने भी अपने-अपने विभागों से संबंधित महत्वपूर्ण विषयों पर विचार प्रस्तुत किए। बैठक में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि विकास कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित की जाए, ताकि आमजन को योजनाओं का लाभ बिना किसी बाधा के प्राप्त हो सके।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रदेश सरकार की प्राथमिकता वाली योजनाओं की नियमित समीक्षा की जाए तथा लंबित परियोजनाओं को शीघ्र पूरा करने के लिए प्रभावी कार्ययोजना तैयार की जाए। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी और प्रत्येक विभाग नागरिकों की अपेक्षाओं के अनुरूप कार्य सुनिश्चित करे।
बैठक में प्रदेश की आर्थिक प्रगति, निवेश को बढ़ावा देने, रोजगार सृजन, ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में आधारभूत सुविधाओं के विस्तार तथा सुशासन को और अधिक मजबूत बनाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण चर्चा हुई। सरकार ने विकास कार्यों में आधुनिक तकनीक के उपयोग, डिजिटल सेवाओं के विस्तार तथा प्रशासनिक प्रक्रियाओं को अधिक सरल और पारदर्शी बनाने पर भी बल दिया।
कैबिनेट बैठक को उत्तर प्रदेश के विकास एजेंडे की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सरकार का लक्ष्य प्रदेश को देश की अग्रणी अर्थव्यवस्था बनाने के साथ-साथ प्रत्येक नागरिक तक विकास और जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बैठक में उपस्थित सभी मंत्रियों और अधिकारियों से समन्वित रूप से कार्य करते हुए प्रदेश के विकास और सुशासन के संकल्प को आगे बढ़ाने का आह्वान किया।









