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10 सितंबर को मुख्यमंत्री की दिनभर की गतिविधियां निर्धारित, संत शिरोमणि गुरु रविदास जी महाराज मूर्ति स्थापना समारोह और बलराम कृषि महोत्सव में भी होंगे शामिल

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मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का आज व्यस्त कार्यक्रम, शपथ ग्रहण समारोह से लेकर विभिन्न बैठकों में होंगे शामिल
भोपाल, 10 सितंबर 2026। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का आज 10 सितंबर 2026, गुरुवार को विभिन्न शासकीय एवं सार्वजनिक कार्यक्रमों से जुड़ा व्यस्त कार्यक्रम निर्धारित है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री की दिन की शुरुआत प्रातः 10:15 बजे ट्रैफिकिंग से संबंधित गतिविधि के साथ होगी, जिसमें एडीजी इंटेलीजेंस एवं आयुक्त जनसंपर्क से जुड़ा कार्यक्रम शामिल है। इसके बाद प्रातः 10:45 से 10:50 बजे के बीच मुख्यमंत्री का लोक भवन, भोपाल आगमन निर्धारित है। इसके पश्चात मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय के माननीय मुख्य न्यायाधीश महोदय के शपथ ग्रहण समारोह में सहभागिता का कार्यक्रम है। मुख्यमंत्री का यह कार्यक्रम राज्य के न्यायिक एवं प्रशासनिक क्षेत्र की महत्वपूर्ण गतिविधियों में शामिल रहेगा। शपथ ग्रहण समारोह के बाद प्रातः 11:30 बजे मुख्यमंत्री निवास आगमन का कार्यक्रम निर्धारित किया गया है। दोपहर 1 बजे मुख्यमंत्री के लिए दोपहर भोज का कार्यक्रम है। इसके बाद दोपहर बाद वे विभिन्न सार्वजनिक एवं शासकीय गतिविधियों में सहभागिता करेंगे। कार्यक्रम के अनुसार दोपहर 2:30 बजे मुख्यमंत्री वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संत शिरोमणि गुरु रविदास जी महाराज मूर्ति स्थापना समारोह में शामिल होंगे। इसके कुछ ही समय बाद 2:45 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बलराम कृषि महोत्सव, टीकमगढ़ के कार्यक्रम में सहभागिता निर्धारित है। इस प्रकार आज मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में न्यायिक, सामाजिक, कृषि एवं प्रशासनिक गतिविधियों को स्थान दिया गया है।
शपथ ग्रहण समारोह में होगी सहभागिता — मुख्यमंत्री के निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार प्रातः लोक भवन, भोपाल पहुंचने के बाद मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश के शपथ ग्रहण समारोह में उनकी सहभागिता होगी। शपथ ग्रहण समारोह राज्य की न्यायिक व्यवस्था से जुड़ा महत्वपूर्ण अवसर होता है। कार्यक्रम में संवैधानिक एवं प्रशासनिक गरिमा के अनुरूप निर्धारित गतिविधियां संपन्न होंगी। मुख्यमंत्री की उपस्थिति इस कार्यक्रम में राज्य सरकार की ओर से औपचारिक सहभागिता के रूप में रहेगी। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार लोक भवन आगमन के बाद मुख्यमंत्री शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होंगे और इसके पश्चात लगभग 11:30 बजे मुख्यमंत्री निवास लौटेंगे। मुख्यमंत्री के दिनभर के कार्यक्रम में अलग-अलग क्षेत्रों से जुड़े कार्यक्रमों को शामिल किया गया है, जिनमें न्यायिक व्यवस्था के साथ सामाजिक एवं कृषि क्षेत्र से संबंधित गतिविधियां भी हैं। शपथ ग्रहण समारोह के बाद मुख्यमंत्री के दोपहर बाद के कार्यक्रमों में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से विभिन्न आयोजनों में जुड़ने की व्यवस्था है। इससे मुख्यमंत्री भोपाल में रहते हुए प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों में आयोजित कार्यक्रमों में सहभागिता कर सकेंगे। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार दोपहर 1 बजे दोपहर भोज के बाद मुख्यमंत्री की गतिविधियां फिर शुरू होंगी। इसके बाद 2:30 बजे संत शिरोमणि गुरु रविदास जी महाराज की मूर्ति स्थापना समारोह से जुड़ने का कार्यक्रम है। इस आयोजन के माध्यम से संत रविदास जी के सामाजिक एवं आध्यात्मिक योगदान को स्मरण करने का अवसर रहेगा। मुख्यमंत्री का कार्यक्रम विभिन्न क्षेत्रों को जोड़ते हुए निर्धारित किया गया है।
संत शिरोमणि गुरु रविदास जी महाराज मूर्ति स्थापना समारोह से जुड़ेंगे मुख्यमंत्री — निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव दोपहर 2:30 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संत शिरोमणि गुरु रविदास जी महाराज मूर्ति स्थापना समारोह में शामिल होंगे। संत रविदास जी भारतीय संत परंपरा के प्रमुख संतों में माने जाते हैं और उनके विचार सामाजिक समरसता, समानता, भक्ति तथा मानवीय मूल्यों से जुड़े रहे हैं। मूर्ति स्थापना समारोह जैसे आयोजन सामाजिक एवं सांस्कृतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण होते हैं, क्योंकि इनके माध्यम से संत परंपरा और उनके विचारों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का अवसर मिलता है। मुख्यमंत्री की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सहभागिता के लिए कार्यक्रम निर्धारित किया गया है। इसके बाद 2:45 बजे मुख्यमंत्री बलराम कृषि महोत्सव, टीकमगढ़, से भी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़ेंगे। दोनों कार्यक्रमों के बीच केवल 15 मिनट का अंतर निर्धारित है, जिससे स्पष्ट है कि मुख्यमंत्री का दोपहर बाद का कार्यक्रम समयबद्ध तरीके से आयोजित किया गया है। कृषि महोत्सव किसानों और कृषि क्षेत्र से जुड़े विषयों पर केंद्रित कार्यक्रम है, जिसमें कृषि गतिविधियों, किसान हित और ग्रामीण अर्थव्यवस्था से जुड़े विषयों को महत्व दिया जाता है। मुख्यमंत्री द्वारा इस कार्यक्रम में सहभागिता प्रदेश के कृषि क्षेत्र से जुड़े कार्यक्रमों के साथ संवाद का अवसर प्रदान करेगी। इस प्रकार दोपहर के दोनों कार्यक्रम सामाजिक एवं कृषि क्षेत्र से संबंधित हैं और इन्हें मुख्यमंत्री के निर्धारित कार्यक्रम में प्रमुख स्थान दिया गया है।
मंत्रालय में बैठकें, स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन योजना की होगी समीक्षा — निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार दोपहर 3:55 बजे मुख्यमंत्री का मंत्रालय आगमन होगा। इसके बाद शाम 4 बजे ‘स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन योजना, 2026’ को लेकर बैठक आयोजित होगी। इस बैठक में सभी संभागायुक्त एवं कलेक्टर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से शामिल होंगे। बैठक में संबंधित योजना की प्रगति, अभिलेखों से जुड़े कार्य और पंजीयन संबंधी प्रक्रिया की समीक्षा की जाएगी। मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में होने वाली ऐसी बैठकों में जिलों और संभागों के अधिकारियों के साथ सीधे संवाद के माध्यम से योजनाओं की स्थिति की जानकारी ली जाती है। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के विभिन्न जिलों के अधिकारी बैठक से जुड़ेंगे, जिससे राज्य स्तर से संबंधित विषयों की समीक्षा संभव होगी। स्वामित्व एवं अभिलेख संबंधी व्यवस्थाओं का सीधा संबंध नागरिकों के अधिकारों और संपत्ति से जुड़े दस्तावेजों से होता है, इसलिए ऐसी प्रक्रियाओं को व्यवस्थित एवं समयबद्ध तरीके से आगे बढ़ाना प्रशासनिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है। बैठक के दौरान अधिकारियों से योजना की स्थिति और संबंधित कार्यों की जानकारी लिए जाने की संभावना है। इसके बाद शाम 5 बजे मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में खनिज साधन विभाग की समीक्षा बैठक निर्धारित है। इस बैठक में खनिज क्षेत्र से संबंधित विभागीय कार्यों एवं प्रगति की समीक्षा की जाएगी। खनिज साधन विभाग राज्य के महत्वपूर्ण विभागों में शामिल है, इसलिए विभागीय गतिविधियों की नियमित समीक्षा प्रशासनिक कार्यप्रणाली का हिस्सा है। शाम की दोनों बैठकें मंत्रालय में आयोजित होंगी और निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार इनके बाद मुख्यमंत्री निवास आगमन करेंगे।
खनिज साधन विभाग की समीक्षा बैठक भी कार्यक्रम में शामिल — मुख्यमंत्री के आज के कार्यक्रम का अंतिम प्रमुख शासकीय चरण शाम 5 बजे खनिज साधन विभाग की समीक्षा बैठक से जुड़ा है। इस बैठक में विभागीय कार्यों, योजनाओं और संबंधित गतिविधियों की समीक्षा की जाएगी। मुख्यमंत्री स्तर पर विभागीय समीक्षा बैठकों के माध्यम से विभिन्न कार्यों की प्रगति, प्रशासनिक प्रक्रियाओं और निर्धारित लक्ष्यों की स्थिति पर अधिकारियों से जानकारी प्राप्त की जाती है। खनिज क्षेत्र राज्य की अर्थव्यवस्था और औद्योगिक गतिविधियों से जुड़ा महत्वपूर्ण क्षेत्र है। ऐसे में खनिज साधन विभाग की कार्यप्रणाली और संबंधित गतिविधियों की समीक्षा का प्रशासनिक महत्व रहता है। आज की बैठक में विभागीय विषयों पर अधिकारियों के साथ चर्चा निर्धारित है। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में सुबह से लेकर शाम तक विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े कार्यक्रम शामिल किए गए हैं। सुबह न्यायिक क्षेत्र के महत्वपूर्ण शपथ ग्रहण समारोह में सहभागिता के बाद दोपहर में सामाजिक एवं कृषि क्षेत्र से जुड़े कार्यक्रमों में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़ने का कार्यक्रम है। इसके बाद मंत्रालय में प्रशासनिक बैठक और खनिज साधन विभाग की समीक्षा निर्धारित है। इस तरह मुख्यमंत्री का दिन न्यायिक, सामाजिक, कृषि एवं प्रशासनिक गतिविधियों से जुड़ा रहेगा। कार्यक्रम में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग का उपयोग किए जाने से प्रदेश के अलग-अलग क्षेत्रों में आयोजित कार्यक्रमों में मुख्यमंत्री की सहभागिता सुनिश्चित की जा रही है। वहीं मंत्रालय में होने वाली बैठकों के माध्यम से राज्य स्तर पर महत्वपूर्ण प्रशासनिक विषयों की समीक्षा की जाएगी।
न्यायिक, सामाजिक, कृषि और प्रशासनिक गतिविधियों से जुड़ा रहेगा मुख्यमंत्री का दिन — 10 सितंबर 2026 का मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का कार्यक्रम विभिन्न क्षेत्रों को समाहित किए हुए है। प्रातः 10:15 बजे से शुरू होने वाली गतिविधियों के बाद लोक भवन में मुख्य न्यायाधीश के शपथ ग्रहण समारोह में सहभागिता, मुख्यमंत्री निवास आगमन और दोपहर भोज का कार्यक्रम निर्धारित है। इसके बाद दोपहर 2:30 बजे संत शिरोमणि गुरु रविदास जी महाराज मूर्ति स्थापना समारोह तथा 2:45 बजे टीकमगढ़ के बलराम कृषि महोत्सव में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सहभागिता होगी। शाम 3:55 बजे मुख्यमंत्री मंत्रालय पहुंचेंगे और 4 बजे स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन योजना, 2026 की बैठक में संभागायुक्तों एवं कलेक्टरों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा करेंगे। इसके बाद शाम 5 बजे खनिज साधन विभाग की समीक्षा बैठक निर्धारित है। दिनभर के कार्यक्रमों की यह रूपरेखा बताती है कि मुख्यमंत्री की आज की गतिविधियों में राज्य की न्यायिक व्यवस्था से लेकर सामाजिक आयोजन, कृषि क्षेत्र, नागरिकों से जुड़े अभिलेखीय विषय और खनिज प्रशासन तक विभिन्न क्षेत्रों को स्थान दिया गया है। सभी कार्यक्रम निर्धारित समय के अनुसार आयोजित किए जाने हैं। मुख्यमंत्री का यह व्यस्त कार्यक्रम प्रदेश के विभिन्न प्रशासनिक और सार्वजनिक विषयों की समीक्षा तथा महत्वपूर्ण आयोजनों में सहभागिता पर केंद्रित रहेगा। शाम की बैठकों के बाद मुख्यमंत्री निवास आगमन का कार्यक्रम निर्धारित है। इस प्रकार आज का दिन मुख्यमंत्री के लिए विभिन्न शासकीय एवं सार्वजनिक दायित्वों के निर्वहन के लिहाज से महत्वपूर्ण रहेगा।
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