
राजस्थान के जोधपुर शहर से एक बेहद गंभीर और सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां दो प्रमुख कारोबारियों को कथित तौर पर कुख्यात गैंगस्टर नेटवर्क के नाम पर 2 करोड़ रुपये की रंगदारी देने की धमकी दी गई है। धमकी देने वाले ने खुद को गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का करीबी और उसके भाई का सहयोगी बताते हुए साफ कहा कि “अगर जीना है तो 48 घंटे के अंदर पैसे भेजो, नहीं तो अंजाम बहुत बुरा होगा।” इस धमकी के बाद शहर के कारोबारी समुदाय में डर का माहौल बन गया है।
फोन कॉल और व्हाट्सएप के जरिए दी गई धमकी, परिवार को भी बनाया निशाना
जानकारी के अनुसार, दोनों कारोबारियों को पहले अंतरराष्ट्रीय नंबरों से कॉल आए और फिर व्हाट्सएप मैसेज भेजे गए। धमकी देने वाले ने न केवल पैसों की मांग की बल्कि कारोबारियों के घर, ऑफिस और रोजाना की गतिविधियों के बारे में भी सटीक जानकारी दी। इससे यह स्पष्ट हो गया कि अपराधी पीड़ितों की गतिविधियों पर नजर रख रहे थे या कम से कम ऐसा विश्वास दिलाने की कोशिश कर रहे थे।
मैसेज में यह भी कहा गया कि पुलिस के पास जाने या किसी को बताने की कोशिश की गई तो अंजाम जानलेवा हो सकता है। धमकी में परिवार के सदस्यों का भी जिक्र किया गया, जिससे कारोबारियों की चिंता और बढ़ गई।
कारोबारियों ने पुलिस में दर्ज कराई शिकायत, सुरक्षा बढ़ाई गई
घटना के बाद दोनों कारोबारियों ने तुरंत राजस्थान पुलिस से संपर्क कर शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए रंगदारी और आपराधिक धमकी की धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि धमकी देने वाले मोबाइल नंबरों और इंटरनेट कॉलिंग के तकनीकी डाटा की जांच की जा रही है। साइबर सेल को भी जांच में शामिल किया गया है ताकि यह पता लगाया जा सके कि कॉल और मैसेज कहां से किए गए।
एहतियात के तौर पर दोनों कारोबारियों और उनके परिवार की सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पुलिस ने उनके घर और ऑफिस के आसपास निगरानी भी बढ़ा दी है।
लॉरेंस गैंग का नाम सामने आने से बढ़ी गंभीरता
धमकी में लॉरेंस बिश्नोई के भाई का नाम लेकर डराने की कोशिश की गई है। पुलिस का कहना है कि कई बार अपराधी गैंग के नाम का इस्तेमाल कर रंगदारी वसूलने की कोशिश करते हैं, लेकिन यह भी संभव है कि गैंग से जुड़े लोग ही इस वारदात में शामिल हों।
लॉरेंस बिश्नोई फिलहाल जेल में बंद है, लेकिन उसका नेटवर्क देश के कई राज्यों में सक्रिय माना जाता है। उसके गैंग का नाम पहले भी कई हाई-प्रोफाइल धमकी और रंगदारी के मामलों में सामने आ चुका है।
कारोबारी समुदाय में बढ़ी चिंता, पुलिस ने किया सतर्क रहने का आग्रह
इस घटना के बाद जोधपुर के व्यापारिक संगठनों में चिंता बढ़ गई है। कई व्यापारियों ने पुलिस से सुरक्षा बढ़ाने और अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस ने व्यापारियों से अपील की है कि अगर किसी को इस तरह की धमकी मिलती है तो तुरंत पुलिस को सूचना दें और डरने के बजाय कानून की मदद लें।
साइबर जांच के जरिए आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश
पुलिस का कहना है कि आजकल अपराधी इंटरनेट कॉलिंग, फर्जी सिम कार्ड और सोशल मीडिया का इस्तेमाल कर अपनी पहचान छिपाने की कोशिश करते हैं। हालांकि साइबर तकनीक की मदद से उनकी पहचान संभव है।
अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि जांच तेजी से की जा रही है और जल्द ही आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया जाएगा।
संगठित अपराध के खिलाफ बड़ी चुनौती
जोधपुर में दो कारोबारियों को मिली इस धमकी ने एक बार फिर यह दिखा दिया है कि संगठित अपराध और गैंगस्टर नेटवर्क अब भी सक्रिय हैं और कारोबारी समुदाय को निशाना बना रहे हैं।
पुलिस ने आश्वासन दिया है कि दोषियों को किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल जांच जारी है और सुरक्षा एजेंसियां हर पहलू पर नजर बनाए हुए हैं। इस घटना ने एक बार फिर कानून व्यवस्था और कारोबारी सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।









