
नई दिल्ली। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मंगलवार को राजस्थान के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल श्री खाटू श्याम जी मंदिर के प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की। इस दौरान मंदिर क्षेत्र में प्रस्तावित नए रेलवे स्टेशन सहित क्षेत्रीय संपर्क को मजबूत बनाने से जुड़े विभिन्न विषयों पर सकारात्मक चर्चा हुई।
बैठक के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने रेल मंत्री के समक्ष श्री खाटू श्याम जी मंदिर आने वाले देशभर के श्रद्धालुओं की बढ़ती संख्या और बेहतर रेल संपर्क की आवश्यकता को प्रमुखता से रखा। इस पर रेल मंत्री ने संबंधित विषयों पर विस्तार से चर्चा करते हुए क्षेत्र में रेल सुविधाओं के विस्तार के महत्व पर विचार-विमर्श किया।
चर्चा में यह बात सामने आई कि श्री खाटू श्याम जी मंदिर के समीप प्रस्तावित नया रेलवे स्टेशन श्रद्धालुओं के लिए यात्रा को अधिक सुगम बनाएगा। वर्तमान में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं को मंदिर तक पहुंचने के लिए अन्य रेलवे स्टेशनों से सड़क मार्ग का सहारा लेना पड़ता है। नया स्टेशन बनने से यात्रा का समय कम होगा और आवागमन अधिक सुविधाजनक हो सकेगा।
प्रस्तावित रेलवे स्टेशन को क्षेत्रीय संपर्क बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे न केवल धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि आसपास के ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों को भी बेहतर रेल सुविधाएं प्राप्त होंगी। स्थानीय व्यापार, पर्यटन, रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को भी इससे नई गति मिलने की संभावना है।
बैठक के दौरान यह भी विचार व्यक्त किया गया कि बेहतर रेल नेटवर्क से क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास को बल मिलेगा। धार्मिक स्थलों तक आसान पहुंच उपलब्ध होने से देश के विभिन्न हिस्सों से आने वाले श्रद्धालुओं को सुविधा मिलेगी और स्थानीय स्तर पर पर्यटन आधारित गतिविधियों का विस्तार होगा।
रेल मंत्रालय देशभर में रेल अधोसंरचना को आधुनिक बनाने, नए रेलवे स्टेशनों के विकास, यात्री सुविधाओं के विस्तार तथा क्षेत्रीय संपर्क को मजबूत करने की दिशा में लगातार कार्य कर रहा है। इसी क्रम में श्री खाटू श्याम जी मंदिर क्षेत्र में प्रस्तावित रेलवे स्टेशन को भी महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।

प्रतिनिधिमंडल और रेल मंत्री के बीच हुई यह मुलाकात सकारात्मक रही। क्षेत्रीय विकास, धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने तथा श्रद्धालुओं की सुविधा को प्राथमिकता देने के उद्देश्य से भविष्य में भी आवश्यक समन्वय बनाए रखने पर बल दिया गया। नया रेलवे स्टेशन साकार होने पर यह न केवल लाखों श्रद्धालुओं की यात्रा को सरल बनाएगा, बल्कि राजस्थान में रेल संपर्क और क्षेत्रीय विकास को भी नई दिशा प्रदान करेगा।









